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हम किसी से कम नही – मनीषा जाजोरिया
न जाने कैसा हुआ ये समां वो कैसे आया एक झोंका हवा का दिल तोड़ गया सारे अरमानों का पिघला गया बने हुए खरे सोने को कर गया उनका मोल रिश्तो से…