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शायरी – कैसे सहूं इस दर्द को मुझको जरा बताओ ना
कैसे सहूं इस दर्द को मुझको जरा बताओ ना अपनी तरह ये जिंदगी जीना मुझे सिखाओ ना तुम किस तरह सहती हो, दिन-रात जीवन के सितम सीने में दुख सहेजकर जीती हो कैसे ऐ सनम दिल में छुपे क्या राज हैं मुझको जरा स…