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शायरी – हर गजल एक दास्तां है, मेरे इश्क का बयां है
हिंदी शायरी हर गजल एक दास्तां है, मेरे इश्क का बयां है मेरा ये खामोश दिल दर्द का एक आशियां है अपनी प्यासी सरहदों के पार तेरा शहर मिला क्या खबर थी अपने घर में तू गैरों की सामां है…